बुध ग्रह 1 ऐसे ग्रह है जिन्हें लोग बहुत ही हल्के में ले लेते हैं लेकिन ऐसा है नहीं। यह 1 अकेले ग्रह है जिसके साथ बैठ जाते हैं उसके फल में वृद्धि करते हैं और अपना फल तो प्रदान करते ही हैं। यदि यह शुभ स्थिति में हो तो तो किसी अशुभ फल देने वाले ग्रह के साथ बैठ जाएं तो यदि कुंडली में शुभ स्थिति में होंगे तो तो ऐसे किसी भी अशुभ फल देने वाले ग्रह के साथ बैठ जाएं तो उसके अशुभ फल में कमी अवश्य ही करेंगे।और हो सकेगा तो ऐसे अशुभ ग्रह का भी शुभ विशेष फल हमें प्राप्त करवा सकते हैं। ऐसे भारी मजबूत ग्रह है बुध ना की कमजोर हल्के।
हल्के नहीं भारी मजबूत ग्रह है बुध

बुध ग्रह अत्यंत कमजोर हो जन्म कुंडली में या फिर पूर्ण फलदाई हो तो जीवन में यह 1 काम भूलकर भी नहीं करना चाहिए वरना बुध ग्रह से खतरनाक कोई नहीं।
बुध ग्रह का रंग हरा माना जाता है
और इनका विशेष रूप से जंगल हरियाली पेड़ पौधे जड़ी बूटी फूल फल पत्ती आदि से प्रिय घनिष्ठ लगाव है इसलिए कहा जाता है बुध ग्रह को अनूकूल बनाए रखना है तो कभी भी पेड़, फलदार वृक्ष, फूल लगा पौधा कभी तोड़ना काटना नहीं चाहिए सम्भव हो सके तो हर वर्ष पेड़ पोंधे लगाने चाहिए

बुध ग्रह का गोचर होता है विशेष फलदाई

विशेष तौर पर जब वर्ष के गोचर में बुध ग्रह आपकी राशि पर आए उस समय या फिर कुण्डली में जिस भाव में बैठे हैं गोचर में उसी भाव पर जब आए उस समय पर अवश्य लगाना चाहिए शुभ फल में कई हजार गुना वृद्धि निश्चित है इसके अतिरिक्त और भी स्थितियां रहती है वह स्थितियां जन्म कुंडली विश्लेषण के बाद ही पता कर सकते हैं आज बुध ग्रह सम्बन्धित महत्वपूर्ण जानकारी थी। इस विषय पर अधिक जानकारी हेतु ब्लू लाइन शब्दों को टच करें धन्यवाद


Hi Neat post Theres an issue together with your web site in internet explorer may test this IE still is the marketplace chief and a good component of people will pass over your fantastic writing due to this problem.