ज्योतिष शास्त्र 9 ग्रहों के बारे में बताने वाला शास्त्र है कि यह ग्रह मनुष्य जीवन में अनूकूल प्रतिकूल कैसा प्रभाव रखेंगे। 1 अच्छे ज्योतिषी से हम यह सारी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं ज्योतिष शास्त्र में कुछ ग्रहों को शुभ ग्रह की संज्ञा तो कुछ ग्रहों को अशुभ ग्रहों की संज्ञा दी गई है।

ज्योतिष शास्त्र के उपाय चमत्कार से कम नहीं है
1 से बढ़कर 1 उपाय इन्हें अपने अनुकूल बनाने के लिए बताए गए हैं और इनका हमारे सुखी जीवन हेतु अनूकूल रहना ही हितकर है। आज हम आप लोगों के लिए नवग्रहों में 1 महत्वपूर्ण स्थान रखने वाले ग्रह जिनका नाम सुनकर ही सर्व सुखी व्यक्ति भी 1 बार के लिए भयग्रस्त हो जाता है जिनकी दशा, राशि भ्रमण आदि के दौरान मनुष्य को अवश्य ही अपने द्वारा किए गए गलत कर्मों का फल दण्ड स्वरूप भोगना ही पड़ता है।वह ग्रह कोई और नहीं राहु ग्रह है।आज हम आप लोगों को ज्योतिष शास्त्र में राहु ग्रह को अपने अनुकूल बनाए रखने एवं हमेशा ही प्रसन्न रखने हेतु बताया गया 1 विशेष उपाय जिसे सिर्फ एक बार करने पर ही राहु ग्रह जनित भंयकर पीड़ा कष्ट से हमेशा के लिए मुक्ति प्राप्त हो सकती है यदि उपाय सफल हो जाए तो।


राहु ग्रह की पीड़ा विष खाए प्राणी के समान है
राहु ग्रह का प्रभाव विष जहर के समान माना जाता है तब कहा गया है कि यदि राहु ग्रह की पीड़ा से किसी भी प्रकार से मुक्ति मार्ग नहीं मिल रहा है तो किसी निर्जन वन में, बीहड़ जंगल में, रेगिस्तान आदि ऐसी जगह पर जहां किसी प्राणी का आना मुश्किल हो ऐसे स्थान पर विष का पौधा सूर्यास्त के बाद शुक्रवार, शनिवार विशेष पर लगाना चाहिए ऐसा करने से राहु ग्रह जनित पीड़ा हमेशा के लिए दूर हो जाती है। लेकिन आज के समय की देश काल परिस्थिति आदि को देखते हुए यदि इस विष के पौधे की जगह विष की शीशी यानिकि जहर की शीशी को यदि जंगल, वन आदि में इसी तरह जमीन में गड्ढा खोदकर उसमें इस जहर की शीशी को डालकर उसे बन्द कर देने से भी यही फल प्राप्त कर सकते हैं

इतना सिद्ध सरल आसान उपाय इसे बताया गया है अवश्य ही इसे आजमाकर इसका फल प्रत्यक्ष रूप से प्राप्त किया जा सकता है आप लोगों को कैसा लगा यह उपाय अवश्य ही अपनी राय दें अधिक जानकारी वीडियो के माध्यम से देखने हेतु क्लिक करें धन्यवाद
